पटना। पटना सिटी इलाके में रविवार मध्य रात्रि डालडा, रिफाइन और सरसों तेल के गोदाम में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि देखते ही देखते पूरे गोदाम को अपनी चपेट में ले लिया। घटना के बाद इलाके में हडक़ंप मच गया। इसके बाद फायर ब्रिगेड की 22 छोटी और बड़ी गाडिय़ों ने करीब छह घंटे कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। अगलगी में सबकुछ जलकर खाक हो गया।
अनुमान के मुताबिक इस हादसे में डालडा, रिफाइंड और सरसों तेल समेत 50 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति जलकर नष्ट हो गई। हालांकि राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
हादसा दीदारगंज थाना क्षेत्र के करमलीचक स्थित महुली रोड पर हुआ। स्थानीय लोगों के अनुसार, रात करीब साढ़े 12 बजे सबसे पहले गोदाम से धुआं निकलता दिखाई दिया। आसपास मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल इसकी सूचना गोदाम के गार्ड को दी। कुछ ही मिनटों में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और लपटें दूर-दूर तक दिखाई देने लगीं। मौके पर मौजूद गार्ड ने पहले आपातकालीन सेवा से संपर्क करने का प्रयास किया, लेकिन संपर्क नहीं होने पर फायर कंट्रोल रूम को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही दमकल की कई गाडिय़ां घटनास्थल पर पहुंचीं और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया।
जिला अग्निशमन पदाधिकारी रितेश पांडे ने बताया कि रात करीब एक बजे आग लगने की सूचना मिली थी। आग की गंभीरता को देखते हुए पटना और आसपास के विभिन्न फायर स्टेशनों से कुल 22 छोटी-बड़ी दमकल गाडिय़ों को मौके पर भेजा गया। कई घंटे तक लगातार अभियान चलाकर आग पर नियंत्रण पाया गया। उन्होंने गोदाम के समीप बैटरी का भी एक बड़ा स्टोर था। आग वहां तक पहुंचने से स्थिति और गंभीर हो गई। बैटरियों में आग लगने के कारण दमकल कर्मियों को विशेष सावधानी बरतनी पड़ी, लेकिन समय रहते आग को अन्य गोदामों और आसपास के रिहायशी क्षेत्रों तक फैलने से रोक लिया गया।
घटना की सूचना मिलते ही गोदाम के मालिक भी मौके पर पहुंचे और नुकसान का जायजा लिया। फिलहाल आग लगने की असली वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। बताया जा रहा है कि इस गोदाम से पूरे बिहार में खाद्य तेल की आपूर्ति की जाती थी। अग्निशमन विभाग का कहना है कि प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है, लेकिन वास्तविक कारण विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सामने आएगा। इधर, पुलिस टीम भी मामले की जांच में जुट गई है।







