मध्यप्रदेश/ खरगोन। अंतरराज्यीय सासी गैंग की दो शातिर महिलाओं को पुलिस ने पकड़ा है। इन महिलाओं को पलक झपकते ही भीड़भाड़ वाले इलाके देखकर वहां महिलाओं के बैग से गहने और नकदी के साथ ही लोगों की जेब से रुपये उड़ाने में महारत हासिल थी। बीते 12 मई को इन महिलाओं ने शहर के सराफा बाजार से गहने रिपेयरिंग कर घर की ओर लौट रही महिलाओं के हाथ में लटकी थैली काटकर, उसमें रखी गहनों से भरी डिब्बी उड़ाई थी।
कोतवाली पुलिस को तब से ही इनकी तलाश थी। उसके बाद आज इन्हें गिरफ्तार किया गया है। हालांकि इन महिलाओं का एक और साथी फिलहाल फरार है, जिसकी भी तलाश जारी है। वहीं, पुलिस पूछताछ में इन्होंने करीब 2 साल पहले एसबीआई बैंक से चोरी हुए 30 हजार रुपये की चोरी करना भी स्वीकार किया है।
इस तरह हुई शातिर महिलाओं की पहचान- इन शातिर महिलाओं से जुड़ी जानकारी देते हुए खरगोन एसडीओपी रोहित लाखरे ने कोतवाली थाने में पूरे मामले का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि शहर के सराफा बाजार, तिलक पथ, गोल बिल्डिंग आदि क्षेत्रों के सीसीटीवी कैमरे के फुटेज देखने के साथ ही आसपास पूछताछ करने पर दो संदिग्ध महिलाएं पीड़िता रानू का पीछा करते नजर आई थीं, जिसके बाद हुलिये के आधार पर इनकी शिनाख्त जिला राजगढ़ के ग्राम कडिया सासी निवासी गुंजा बाई सिसौदिया और बिंदोबाई के रूप में हुई थी।
लाखों का माल बरामद- दोनों महिलाओं को पकड़ने के लिए खरगोन पुलिस की एक टीम राजगढ़ पहुंची थी, जहां योजनाद्ध तरीके से इन्हें गिरफ्तार किया गया। इस चोरी में इनका साथ देने वाला एक युवक बेजू जगजीवन सिसौदिया भी था, जोकि फिलहाल फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है। इधर दोनों महिलाओं से चोरी किया गया, पेडिंल, सोने की पांचाली, अंगूठी और 3 हजार रुपये नकदी, इस तरह कुल एक लाख चालीस हजार रु के गहने बरामद किए गए हैं। साथ ही पूछताछ के दौरान इन्होंने साल 2022 में सब्जी मंडी स्थित एसबीआई बैंक में इंदिरा नगर निवासी आजम अली से 30 हजार रुपए चोरी करने की घटना को अंजाम देना भी स्वीकार किया है, जिसके बाद अब इन महिलाओं के खिलाफ मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया है।







