कोरबा। पत्नी की हत्या कर सबूत मिटाने के लिए कमरे में आग लगाने वाले आरोपी पति को अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। फिल्म देखने जाने की बात पर शुरू हुए विवाद के बाद आरोपी ने पत्नी की हत्या की थी और घटना को हादसा दिखाने की कोशिश की थी।
22 जुलाई 2025 को सुषमा ने पति से निहारिका टॉकीज में फिल्म देखने चलने की बात कही। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। जांच में सामने आया कि दोपहर के समय आरोपी ने पत्नी के मुंह और नाक को तकिए से दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद घटना को हादसा दिखाने कमरे में आग लगा दी। कमरे में कागज और कपड़े इकट्ठा कर आग लगा दी।
वारदात के बाद आरोपी ने स्वयं पुलिस को पत्नी की आकस्मिक मौत की सूचना दी। हालांकि जांच के दौरान उसके बयान बार-बार बदलते रहे, जिससे पुलिस को संदेह हुआ। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या करना स्वीकार कर लिया।
पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।







