बीजापुर। पुलिस ने नक्सलियों के एक और सहयोगी को पकड़ा है। दो दिन पहले ही आवापल्ली पुलिस ने कार्यवाही करते हुए एक सहयोगी को पकड़ा था। इनके पास से एक बैग जब्त किया था जिसमें एक सफेद रंग की पाॅलीथीन में 2-2 हजार के तीन बंडल व 10 नोट अलग से बरामद किए थे। इनके पास से कुल 6 लाख 20 हजार रूपए मिले थे। साथ ही माओवादी संगठन के पर्चे भी बरामद किए गए थे। पूछताछ में उन्होंने पैसे को लोगों के अलग-अलग खाते में जमा कराना एवं बाद में इसे निकाल कर वापस कर देने की बात कही थी। साथ ही अपना नाम महेश बाड़से 24वर्ष निवासी मुरदण्डा कोमठगुड़ा थाना आवापल्ली बताया था। अब महेश बाड़से के गिरफ्तारी के बाद से फरार चल रहा घटना का मुख्य आरोपी महेश मूनगेल को भी पुलिस ने पकड़ लिया है। पुलिस ने इसके कब्जे से 1 लाख 60 हजार रुपये, दवाइयों की पर्ची और बैंक पासबुक बरामद की है।
पूछताछ में मूनगेल ने बताया कि बासागुड़ा एलओएस कमांडर शंकर और आरसीपी अध्यक्ष कुहरामी हड़मा ने अलग अलग खातों में पैसा जमा करने व नक्सलियों के लिए दवाइयां खरीदने के लिए 2000 नोट के 25 लाख रुपये इसे दिए थे जिनमें से इसके द्वारा 9 लाख रुपये महेश बाड़से को खाते में जमा करने दिया गया था। 10,40000 रुपये परिवार के सदस्यों व परिचितों के खातों में जमा करना व 4 लाख रुपये अन्य कामों मे खर्च करने थे। मामले में पुलिस ने सभी के खातों को होल्ड कराने के लिए शाखा प्रबंधक से पत्राचार किया है। साथ ही न्यायालय से अनुमति के बाद पैसों को सीज करने की कार्यवाही की जाएगी। आवापल्ली थाना ने वैधानिक कार्यवाही के बाद आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा है।







