नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार की शाम वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये मुख्यमंत्रियों के साथ पश्चिम एशिया संघर्ष पर बातचीत करेंगे, ताकि राज्यों की तैयारियों और योजनाओं की समीक्षा की जा सके। इस बैठक में ‘टीम इंडिया’ की भावना के तहत समन्वित प्रयास सुनिश्चित करने पर फोकस किया जाएगा। आचार संहिता लागू होने के कारण चुनाव वाले राज्यों को इस बैठक में शामिल नहीं किया जाएगा।
दरअसल, पश्चिम एशिया में जारी जंग के कारण दुनियाभर में संकट गहराता जा रहा है। देश में भी इसे लेकर लोगों में पैनिक फेल रहा है। हालांकि सरकार की ओर से परेशान नहीं होने और स्थिति कंट्रोल में होने की बात कही जा रही है। इसी बीच बड़ी खबर ये है कि पीएम मोदी शुक्रवार शाम को पश्चिम एशिया मिडिल ईस्ट में जारी जंग को लेकर मुख्यमंत्रियों से बात करने वाले हैं। पीएम मोदी की मुख्यमंत्रियों से ये बातचीत शाम 6.30 बजे वीडियो कांन्फ्रेंसिंग के जरिये होने वाली है।
बता दें हाल ही में पीएम मोदी ने युद्ध के कारण जो हालात हैं उन पर पहले लोकसभा और राज्यसभा में बात की थी। अपनी स्पीच में पीएम ने तेल-गैस की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ‘मेड इन इंडिया’ जहाजों और भंडारण की मजबूती का रोडमैप पेश करते हुए राज्य सरकारों को जमाखोरी रोकने का निर्देश दिया था। साथ ही पीएम ने डायलॉग और डिप्लोमेसी से शांति स्थापित करने का संदेश दिया और देश में इंधन की र्प्याप्त आपूर्ति का भरोसा दिलाया था।
पीएम ने वर्तमान परिस्थितियों का फायदा उठाने वाले काला बाजारियों और जमाखोरों के खिलाफ सख्त रूख अपनाने का निर्देश दिया था। उन्होंने राज्य सरकारों को दो प्रमुख कार्य सौंपे हैं: पहला आवश्यक वस्तुओं की निरंतर निगरानी करना और दूसरा जहां भी जमाखोरी की शिकायत मिले, वहां तुरंत कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि संकट के समय आम जनता को महंगाई से बचाना शासन की प्राथमिकता होनी चाहिए।







