बिलासपुर। सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम नरगोड़ा के लुदियापारा में शुक्रवार की सुबह एक हृदयविदारक हादसे ने पूरे गांव को गमगीन कर दिया। तालाब में नहाने गए दो सगे भाईयों की डूबने से मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना के बाद गांव में मातम का माहौल है और हर आंख नम है।
मिली जानकारी के अनुसार नरगोड़ा निवासी किशोर कुमार खरे के पुत्र ऋषभ कुमार खरे और रितेश कुमार खरे सुबह 8 बजे अपने साथी निहाल के साथ गांव के तालाब में नहाने गए थे। नहाते समय दोनों भाई अनजाने में गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। उनके साथ मौजूद निहाल घबराकर तत्काल गांव पहुंचा और परिजनों को घटना की सूचना दी। सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण दौड़ते हुए तालाब पहुंचे। जोगीराम सूर्यवंशी सहित अन्य ग्रामीणों ने काफी प्रयास के बाद दोनों बच्चों को पानी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। दोनों मासूमों की सांसे थम चुकी थी।
घटना की जानकारी मिलतें ही सीपत पुलिस मौके पर पहुंची और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी। प्रारंभिक जांच में मौत का कारण डूबना पाया गया। पोस्टमार्टम के बाद दोनों बच्चों के शव परिजनों को सौंप दिए गए। इस हादसे ने परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। सबसे ज्यादा दर्दनाक स्थिति बच्चों की मां की है, जिसका रो रोकर बुरा हाल है। कुछ घंटे पहले तक जिन बच्चों की हंसी से घर गूंज रहा था। उनके हमेशा के लिए बिछड़ जाने का यकीन मां को नहीं हो रहा है। गांव के लोग परिजनों को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं। लेकिन इस अपूरणीय क्षति के सामने सांत्वना के शब्द भी छोटे पड़ गए हैं। पूरे गांव में शोक की लहर है।
दशकर्म में शामिल होकर दिल्ली से लौटा था परिवार
परिजनों के अनुसार रविवार को मासूम बच्चों के दादा का दशकर्म कार्यक्रम था। इसी वजह से बच्चों के पिता, जो रोजी रोटी कमाने के लिए दिल्ली में रहते हैं। गुरूवार सुबह ही परिवार के साथ गांव लौटे थे। परिवार अभी दशकर्म के बाद के माहौल से उबर भी नहीं पाया था कि शुक्रवार सुबह दोनों मासूम भाईयों की तालाब में डूबने से मौत हो गई। एक ही सप्ताह में परिवार पर दोहरी त्रासदी टूटने से घर में मातम पसरा हुआ है और पूरे गांव में शोक का माहौल है।







