झारसुगुड़ा। भारत के महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के झारसुगुड़ा दौरे को देखते हुए, जिला प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। सुरक्षा के नजरिए से, झारसुगुड़ा जिले के तहत आने वाले पूरे इलाके को 21 अप्रैल को ‘नो ड्रोन जोन/नो फ्लाइंग जोन’ घोषित कर दिया गया है। डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट और डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर ने यह खास ऑफिस ऑर्डर जारी किया है।
इस जानकारी के अनुसार, राष्ट्रपति के दौरे के दौरान, जिले में कहीं भी ड्रोन या किसी भी तरह के हवाई वाहन उड़ाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। सुरक्षा व्यवस्था बनी रहे, यह पक्का करने के लिए झारसुगुड़ा सिक्योरिटी ऑफिसर जी. आर. राघवेंद्र की देखरेख में पुलिस डिपार्टमेंट ने सतर्क रहने के लिए ज़रूरी कदम उठाए हैं। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि इन नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एसपी ने जिले में सुरक्षा और शांति बनाए रखने के लिए जनता से सहयोग मांगा है।
ब्लू-बुक नियम के तहत राष्ट्रपति की सुरक्षा
ब्लू-बुक नियम के तहत राष्ट्रपति की सुरक्षा के लिए विशेष प्रबंध किए जाएंगे। राष्ट्रपति के काफिले (कारकेड) में कुल 27 गाड़ियों का उपयोग होगा। काफिला निकलने से 10 मिनट पहले एक वार्निंग कार निर्धारित मार्ग पर जाकर सुरक्षा जांच करेगी। इसके बाद पायलट कार चलेगी। पायलट कार के पीछे खुली जीप में मीडिया की गाड़ी होगी, उसके बाद जैमर वाहन रहेगा। जैमर वाहन के पीछे राष्ट्रपति की मुख्य गाड़ी होगी, जिसमें राष्ट्रपति के साथ एडीसी और पीएसडब्ल्यू मौजूद रहेंगे। इस गाड़ी के पीछे दो एस्कॉर्ट वाहन होंगे, जो राष्ट्रपति की गाड़ी को चारों ओर से सुरक्षा घेरा प्रदान करेंगे।
एस्कॉर्ट वाहनों के पीछे एक स्पेयर कार रहेगी। इसके अलावा राष्ट्रपति के परिवार के सदस्य, राज्यपाल, मुख्यमंत्री और राष्ट्रपति भवन की आधिकारिक टीम के लिए अलग-अलग गाड़ियां काफिले में शामिल होंगी।
राष्ट्रपति के काफिले में एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की गाड़ियां भी तैनात रहेंगी, साथ ही राज्यपाल और मुख्यमंत्री के एस्कॉर्ट वाहन भी शामिल होंगे। सभी गाड़ियों में पानी की बोतल, सैनिटाइजर, छाता, टिशू पेपर, एयर फ्रेशनर, सफेद तौलिया और चॉकलेट जैसी आवश्यक सामग्री उपलब्ध रहेगी।







