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कोरबा छत्तीसगढ़

पटवारी से 8 लाख की धोखाधड़ी, ठेकेदार को 3.75 लाख की चपत, शिकायत पर एफआईआर दर्ज

कोरबा। जिले का एक पटवारी धोखाधड़ी का शिकार हुआ है। ठग ने 14.50 लाख रुपए की डस्टर कार ऑफर के तहत मात्र 8 लाख रुपए में दिलाने का झांसा दिया, लेकिन न ही कार मिली और न ही रकम। तब जाकर पटवारी को धोखाधड़ी का एहसास हुआ। मामले की शिकायत पुलिस से की गई है। पुलिस ने मामला पंजीबद्ध कर जांच शुरू कर दी है।

जिले में पाली थाना के चैतमा अंतर्गत नवाखुर्द गोपालपुर निवासी दीपक कुमार पिता शोभा राम ग्राम बतरा हल्का नंबर-8 में पटवारी के रूप में पदस्थ है। उसकी रिनॉल्ड कार क्रमांक सीजी 12 एजेड 6585 का दरवाजा क्षतिग्रस्त होने पर बीमा क्लेम कर रिपेयरिंग कराने के लिए मार्च-2023 में सिरगिट्टी बिलासपुर के रिनॉल्ड शो-रूम गया हुआ था। यहां उसका परिचय अंशुल बाजपेयी से हुआ, जिसने खुद को शो-रूम का एडवाईजर बताया। उसने बीमा क्लेम दिलवाने के नाम पर 50 हजार रुपए मांगा, जिसका भुगतान किया गया। इसके दो दिन बाद अंशुल ग्राम नवाखुर्द में पटवारी के घर पहुंचा और कंपनी की स्कीम बताया, जिसमें साढ़े चौदह लाख की डस्टर कार मात्र 8 लाख रुपए में दिलवाने की बात कही। इसके लिए 1 लाख 85 हजार रुपए नगद एवं 5 लाख 65 हजार रुपए 20 मार्च से 27 मई 2023 के मध्य अंशुल को फोन पे के माध्यम से 14 किश्तों में दिया। 1 जून 2023 तक डस्टर कार मिल जाने का आश्वासन अंशुल ने दिया था, लेकिन आज तक न तो कार मिली और न ही रुपए वापस किए गए। ठगी का एहसास होने पर पटवारी ने चैतमा पुलिस चौकी में रिपोर्ट दर्ज कराई। अंशुल वाजपेयी के विरुद्ध धारा 420 भादवि के तहत जुर्म दर्ज कर विवेचना की जा रही है।

क्रेडिट कार्ड के चक्कर में गंवाए 3.75 लाख

एक अन्य मामले में छोटे स्तर की ठेकेदारी का काम करने वाले वाले को एप्लीकेशन डाऊनलोड कराकर ठग लिया गया। उरगा थाना अंतर्गत ग्राम गिधौरी निवासी साधराम रजक को 25 अक्टूबर को मोबाइल पर 8961519787 से फोन करने वाले ने एसबीआई का उसका क्रेडिट कार्ड बंद हो जाने और चार्ज बढ़ते जाने से बचने के लिए एनीडेस्क (ंदलकमेा) एप्लीकेशन मोबाइल में लोड करवाया। यह भी बताया कि एप्लीकेशन लोड करने से उसे 5 हजार रुपए की बचत भी होगी। एप्लीकेशन डाऊनलोड करते ही साधराम के खाता से 3 लाख 75 हजार रुपए कट गए। साधराम ने तत्काल सायबर क्राईम हेल्पलाइन 1930 टोल फ्री नंबर पर कॉल कर जानकारी दिया तो बताया गया कि 48 घंटे में पैसा वापस आ जाएगा। राशि वापस न आने पर साधराम पिता लक्ष्मणराम रजक ने उरगा थाना में एफआईआर दर्ज कराई है। धारा 420 भादवि के तहत जुर्म दर्ज कर विवेचना की जा रही है।

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