तेल अवीव। करीब नौ साल के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राजकीय यात्रा पर इस्राइल पहुंचे हैं। हवाई अड्डे पर उनके समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। पीएम मोदी नेसेट यानी इस्राइली संसद को भी संबोधित कर रहे हैं और ऐसा करने वाले वह भारत के पहले प्रधानमंत्री हैं। प्रधानमंत्री मोदी बुधवार को स्थानीय समयानुसार दोपहर 12:45 बजे अपने आधिकारिक दौरे पर इस्राइल पहुंचे।
पीएम मोदी ने इजरायल की संसद नेसेट को संबोधित करते हुए कहा कि मेरा जन्म उसी दिन हुआ था जिस दिन भारत ने इजरायल को ऑफिशियली मान्यता दी थी। इससे पहले संसद पहुंचने पर मोदी-मोदी के नारे भी लगे। पीएम मोदी से पहले संसद में इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा, “यह एक शानदार दोस्ती रही है। आज सुबह, मेरी पत्नी सारा और मैंने एयरपोर्ट पर आपका (पीएम मोदी) स्वागत किया। और जैसे ही आप सीढ़ियों से नीचे आए, हमने एक-दूसरे को गले लगा लिया। प्रधानमंत्री मोदी का पर्सनली गले लगना कुछ खास है। इसे मोदी हग कहा जाता है। यह दुनिया भर में मशहूर है। जब आप किसी को, करीब से, सच में गले लगाते हैं, तो आप जानते हैं कि यह कोई दिखावा नहीं है। यह एक असली चीज है।
इससे पहले प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के साथ हुई वार्ता के बाद पीएम मोदी ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट कर कहा, ”प्रधानमंत्री नेतन्याहू के साथ बहुत अच्छी मीटिंग हुई। दिन में पहले हुए गर्मजोशी भरे स्वागत के लिए उनका शुक्रिया अदा किया। 9 साल बाद इजरायल वापस आकर बहुत खुशी हो रही है। हमने आपसी रिश्तों को बढ़ाने के मकसद से कई विषयों पर बात की। टेक्नोलॉजी, वॉटर मैनेजमेंट, एग्रीकल्चर, टैलेंट पार्टनरशिप और ऐसे कई सेक्टर हैं जिनमें करीबी सहयोग की बहुत गुंजाइश है। हमने इस इलाके में हो रहे खास डेवलपमेंट पर भी बात की।”
प्रधानमंत्री की यह यात्रा पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच हो रही है। पिछले कुछ वर्षों में भारत-इजरायल संबंध मजबूत हुए हैं, जिनमें रक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान, साइबर सुरक्षा और नवाचार जैसे क्षेत्र शामिल हैं। रक्षा सहयोग दोनों पक्षों के बीच साझेदारी का एक महत्वपूर्ण स्तंभ बनकर उभरा है, जिसमें इजरायल भारत को कई सैन्य प्लेटफॉर्म और हथियार प्रणालियां मुहैया करा रहा है। पिछले साल नवंबर में, भारत के रक्षा सचिव की इजरायल यात्रा के दौरान, रक्षा सहयोग पर एक महत्वपूर्ण समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे। दोनों पक्षों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों में भी लगातार प्रगति देखने को मिल रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इजरायल यात्रा पर पूरी दुनिया की नजरें हैं। पीएम मोदी के इस दौरे से जुड़े हर अपडेट के बारे में जानने के लिए हमारे साथ बने रहें।
भारत और इस्राइल दोनों ही प्राचीन सभ्यताएं: पीएम मोदी : इस्राइली संसद में पीएम मोदी ने कहा, भारत और इस्राइल दोनों ही प्राचीन सभ्यता हैं। इसमें कोई आश्चर्य नहीं है कि हमारे सभ्याताओं में कई समानताएं हैं। इस्राइली सभ्यता में तिकुल ओलाम का सिद्धांत है। भारत में यह वसुधैव कुटंबकम है। हमारे लिए दुनिया एक परिवार की तरह है।
गाजा में शांति की पहल का भारत ने किया दृढ़ता से समर्थन: पीएम मोदी : प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद द्वारा समर्थित गाजा शांति पहल एक मार्ग प्रदान करती है। भारत ने इस पहल के लिए अपना दृढ़ समर्थन व्यक्त किया है। हमारा मानना है कि इसमें फलस्तीन मुद्दे को संबोधित करने सहित इस क्षेत्र के सभी लोगों के लिए एक न्यायपूर्ण और स्थायी शांति का वादा है। हमारे सभी प्रयास ज्ञान, साहस और मानवता द्वारा निर्देशित हों। शांति का मार्ग हमेशा आसान नहीं होता, लेकिन भारत इस क्षेत्र में संवाद, शांति और स्थिरता के लिए आपके और दुनिया के साथ खड़ा है।







