नई दिल्ली। देशभर में छात्रों के प्रदर्शन और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग के बीच शुक्रवार शाम मोदी सरकार में केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनका इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है।
रवनीत सिंह बिट्टू भाजपा की ओर से केंद्रीय मंत्रिपरिषद में रेल राज्य मंत्री का दायित्व संभाल रहे थे। उनका राज्यसभा कार्यकाल हाल ही में समाप्त हुआ था और पार्टी ने उन्हें दोबारा राज्यसभा नहीं भेजा। इसके बाद से ही उनके मंत्रिपद छोड़ने की चर्चाएं तेज हो गई थीं।
राजनीतिक गलियारों में माना जा रहा है कि बिट्टू का इस्तीफा अगले वर्ष होने वाले पंजाब विधानसभा चुनाव की तैयारियों से जुड़ा हो सकता है। अगले साल फरवरी-मार्च में पंजाब समेत पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। ऐसी अटकलें हैं कि भाजपा उन्हें पंजाब विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार बना सकती है।
कांग्रेस छोड़ भाजपा में हुए थे शामिल
रवनीत सिंह बिट्टू पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं में शामिल थे, लेकिन बाद में भाजपा में शामिल हो गए। उन्होंने 2024 का लोकसभा चुनाव भाजपा के टिकट पर लड़ा था, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद भाजपा ने उन्हें राज्यसभा भेजा और केंद्रीय मंत्रिपरिषद में रेल राज्य मंत्री बनाया था।







