नई दिल्ली। 26/11 मुंबई आतंकी हमले के आरोपित तहव्वुर हुसैन राणा को विशेष एनआइए अदालत ने अपनी बेटी से फोन पर बात करने की अनुमति दे दी है। अदालत ने यह अनुमति वकील नियुक्त करने से जुड़े विषय पर चर्चा करने के लिए दी है।
पटियाला हाउस कोर्ट स्थित विशेष एनआईए न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने बंद कमरे में हुई सुनवाई के दौरान राणा की अर्जी स्वीकार की। अदालत के आदेश के बाद इसकी प्रति जेल प्रशासन को भेज दी गई है।
डॉ. समराज अख्तर राणा से फोन पर बात करने की अनुमति मांगी
राणा ने अदालत से अपनी बेटी और पत्नी डॉ. समराज अख्तर राणा से फोन पर बात करने की अनुमति मांगी थी। उसने यह भी अनुरोध किया था कि पत्नी के आगामी जन्मदिन पर उनसे बात करने की अनुमति दी जाए। फिलहाल अदालत ने बेटी से बातचीत की अनुमति दी है, ताकि निजी वकील नियुक्त करने के संबंध में चर्चा की जा सके।
राणा को पहले भी अपनी बेटी से बात करने की अनुमति दी जा चुकी
मामले से जुड़े एक अधिवक्ता ने बताया कि राणा को पहले भी अपनी बेटी से बात करने की अनुमति दी जा चुकी है, क्योंकि वकील नियुक्त करने के निर्णय में वही मुख्य भूमिका निभा रही हैं। तहव्वुर हुसैन राणा को 10 अप्रैल 2025 को अमेरिका से प्रत्यर्पित कर भारत लाया गया था। उस पर 26/11 मुंबई आतंकी हमले की साजिश में शामिल होने का आरोप है।
शुरुआत में अदालत ने राणा के बचाव के लिए विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से एक वकील उपलब्ध कराया था। बाद में राणा ने अदालत को बताया कि वह अपनी पसंद का निजी अधिवक्ता रखना चाहता है। इसी कारण उसे परिवार से संपर्क करने की अनुमति देने की मांग की गई थी।







