कराज। अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमलों में पश्चिम एशिया के सबसे ऊंचे पुलों में से एक, ईरान के कराज स्थित बी वन ब्रिज को निशाना बनाया गया। इस हमले में पुल आंशिक रूप से नष्ट हो गया, जिसमें कम से कम दो नागरिकों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हुए।
ईरानी राज्य मीडिया ने इसे अमेरिकी-जायोनी दुश्मन”का हमला बताया। यह पुल तेहरान को पश्चिमी शहर कराज से जोड़ऩे वाला प्रमुख राजमार्ग का हिस्सा था और अभी निर्माणाधीन/नए उद्घाटन के चरण में था। 136 मीटर की ऊंचाई के साथ इसे मध्य पूर्व की इंजीनियरिंग का शानदार नमूना माना जाता था। फुटेज में घटनास्थल से भारी धुआं उठता हुआ और पुल के हिस्सों के ढहते हुए साफ दिखाई दे रहा है। ईरानी सरकारी टीवी के अनुसार, पहले हमले में दो नागरिक हताहत हुए।
दूसरा हमला तब हुआ जब आपातकालीन टीमें घायलों की मदद के लिए मौके पर पहुंची थीं। अल्बोर्ज प्रांत के अधिकारियों ने बताया कि कई लोग घायल हुए और उन्हें अस्पताल ले जाया गया। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर हमले का वीडियो शेयर करते हुए लिखा कि ईरान का सबसे बड़ा पुल ढह गया, अब इसका दोबारा कभी इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। अभी और भी बहुत कुछ होना बाकी है। ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि बहुत देर होने से पहले समझौता कर लेना चाहिए, वरना अमेरिका ईरान को पाषाण युग में वापस भेज देगा। उन्होंने राष्ट्र को संबोधित करते हुए दावा किया कि अमेरिकी-इजरायली कार्रवाई तेहरान की सैन्य क्षमता को लगभग नष्ट कर चुकी है और मुख्य रणनीतिक उद्देश्य पूरे होने के करीब हैं।







