गर्दन के ठीक नीचे थायराइड ग्लैंड होता है, जो शरीर का सबसे संवेदनशील हार्मोन कंट्रोलर है। परफ्यूम, डियो में आर्टिफ़िशियल खुशबू होती है उनका रोज़ाना इस्तेमाल शरीर पर cumulative exposure बनाता है, जो सेहत के लिए ख़तरनाक हो सकता है। ऐसे में जानते हैं उसकी जगह क्या इस्तेमाल करें।
आज की ज़्यादातर फ्रेग्रेंस फूलों से नहीं, बल्कि केमिकल फॉर्मूला से तैयार की जाती हैं। आज इस्तेमाल होने वाले कई परफ्यूम और डियो में ऐसे केमिकल्स पाए जाते हैं जो सिर्फ खुशबू ही नहीं देते, बल्कि शरीर के हार्मोन सिस्टम में भी दखल देते हैं। मेडिकल साइंस इन्हें Endocrine Disrupting Chemicals कहता है यानी ऐसे केमिकल्स जो हार्मोन बैलेंस को बिगाड़ सकते हैं। कपड़ों पर हल्की मात्रा में परफ्यूम लगाना तुलनात्मक रूप से सुरक्षित माना जाता है।
हेल्थ एक्सपर्ट्स सलाह देते हैं कि परफ्यूम का इस्तेमाल करें, लेकिन सीधे त्वचा पर नहीं, खासकर गर्दन के पास तो बिल्कुल भी नहीं। डॉक्टर इसे एक कंसर्न एरिया मानते हैं, खासकर थायराइड पेशेंट्स के लिए। इसलिए ज़रूरी है कि खुशबू का इस्तेमाल समझदारी से किया जाए। अच्छी बात यह है कि अब मार्केट में fragrance-free cosmetic products भी उपलब्ध हैं। चुनाव आपको सोच-समझकर करना है।
थायराइड ग्लैंड क्या करता है काम: थायराइड ग्लैंड शरीर में थायरोक्सिन हार्मोन बनाकर एनर्जी पैदा करता है जिससे सर्दी में बॉडी गर्म रहती है, लेकिन थायरोक्सिन का इम्बैलेंस होने पर इसकी मात्रा कम बनती है, एनर्जी घटती है और ठंड सहन करने की क्षमता कम हो जाती है।
थायराइड के मरीज : दुनिया में 20 करोड़ से ज़्यादा, भारत में 4.2 करोड़ से अधिक लोग थायराइड से पीड़ित हैं और हर 10 में से 1 व्यक्ति इसकी चपेट में है। थायराइड के लक्षण होने पर शरीर में थकान, घबराहट, चिड़चिड़ापन, हाथों में कंपन, नींद की कमी, बालों का झड़ना और मसल्स पेन होने लगता है।
थायराइड के लिए योगासन : थायराइड के लिए, आपको सूर्य नमस्कार, पवनमुक्तासन, सर्वांगासन, हलासन, उष्ट्रासन, मत्स्यासन और भुजंगासन जैसे योग आसन करें।
थायराइड में कारगर आयुर्वेदिक उपचार : मुलेठी फायदेमंद है, तुलसी-एलोवेरा जूस का सेवन करें, रोज़ाना 1 चम्मच त्रिफला लें, रात में अश्वगंधा को गर्म दूध के साथ पिएँ और धनिया के बीज पीसकर पानी में सेवन करें।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें।







