सत्यापन का विशेष अभियान शुरू
रायपुर। छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में पखवाड़े भर पहले बांग्लादेशी नागरिक कमाल शेख के पकड़े जाने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। बंगाल में घुसपैठ पर हो रही कड़ाई के बाद सुरक्षा एजेंसियों के पास इस प्रकार का इनपुट है कि अवैध नागरिक, बंगाल से निकलकर बड़ी संख्या में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में आ सकते हैं।
इस सूचना के बाद पुलिस ने रायपुर, राजनांदगांव, कोरबा, बस्तर सहित कई जिलों में संदिग्धों की पहचान के लिए अभियान तेज कर दिया है। सूत्रों के अनुसार, केंद्रीय खुफिया एजेंसियों को आशंका है कि बंगाल में पकड़े जाने के डर से कई लोग भूमिगत हो गए हैं। कई संदिग्ध छत्तीसगढ़, झारखंड, ओडिशा और महाराष्ट्र में निर्माण स्थलों पर श्रमिक बनकर रह रहे हैं। इसे लेकर जिले में कार्यरत निर्माण कंपनियों और ठेकेदारों से भी कर्मचारियों का पूरा रिकार्ड उपलब्ध कराने को कहा गया है।
बता दे कि रायपुर में दो साल पहले पकड़े गए तीन सगे बांग्लादेशी भाइयों के पास से फर्जी पहचान पत्र जब्त किए गए थे। तीनों अभी भी रायपुर जेल में बंद है। पिछले अभियानों में प्रदेश के कई जिलों से 30 से अधिक घुसपैठिए पकड़े जा चुके हैं। केंद्र से अनुमति मिलने के बाद इन्हें बांग्लादेश भेजने की प्रक्रिया चल रही है।







