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छत्तीसगढ़

शिकायत दर्ज कराने पहुंचे प्रार्थी से ही पुलिस ने की मारपीट, 5 हजार वसूली का लगा आरोप

एसपी कार्यालय पहुंची शिकायत

बिलासपुर। मस्तूरी थाने में मोबाईल चोरी की शिकायत दर्ज कराने पहुंचे एक व्यक्ति से पुलिस कर्मियों द्वारा कथित तौर पर मारपीट, अभद्र व्यवहार और कार्रवाई का डर दिखाकर अवैध वसूली का मामला सामने आया है। पीड़ित ने इसकी शिकायत एसपी कार्यालय में की है। शिकायत में थाने के सीसीटीवी फुटेज की जांच कराने की मांग भी की गई है। आरोपों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

शिकायतकर्ता नकुल कुमार मांडरे पिता तिलेश्वर मांडरे निवासी बिल्हा ने बताया कि वह मिनी ऑटो से गांव गांव में फेरी लगाकर साड़ी बेचने का काम करता है। 11 सितंबर की सुबह वह मस्तूरी क्षेत्र में साड़ी बेचने निकला था। रास्ते में शराब का सेवन किया और अपनी गाड़ी में सो गया। इसी दौरान किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसका मोबाईल चोरी कर लिया। नींद खुलने पर मोबाईल गायब मिला। वह शिकायत दर्ज कराने मस्तूरी थाना पहुंचा।

पीड़ित के अनुसार ड्यूटी पर मौजूद मुंशी शिवचरण मरावी को उसने घटना बताई। मुंशी ने एक फार्म में जानकारी भरकर देने को कहा। फार्म भरकर वापस पहुंचने पर कथित तौर पर शिकायत दर्ज करने से मना कर दिया गया।

पीड़ित का आरोप है कि शिकायत दर्ज कराने पर जोर देने के बाद वहां मौजूद पुलिस कर्मी दिनेश निराला, शिवचरण मरावी और नीतीश बंजारे ने उसके साथ अभद्र व्यवहार किया।

आरोप है कि इसके बाद उसका ब्रीथ इनालाइजर से परीक्षण किया गया और शराब सेवन के मामले में कार्रवाई करने का भय दिखाया गया। इसी दौरान उसकी जेब से कथित तौर पर 2 हजार रूपए और वाहन की चाबी निकाल ली गई तथा कोरे कागज पर हस्ताक्षर करा लिए गए। पीड़ित ने आरोप लगाया कि बाद में उससे 3 हजार रूपए और मांगे गए। इसके बाद उसने पत्नी के फोन पे के माध्यम से एक व्यक्ति के खाते में रकम ट्रांसफर कराई। पीड़ित ने इस भुगतान के प्रमाण अपने पास होने का दावा किया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि पैसे देने के बाद ही उसे थाने से छोड़ा गया।

प्रार्थी ने एसपी कार्यालय में शिकायत कर मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। साथ ही दावा किया है कि घटना की वास्तविकता थाने में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज से स्पष्ट हो सकती है। फिलहाल मामला शिकायत के स्तर पर है और लगाए गए आरोप की पुष्टि नहीं हो सकी है। अब देखना है कि पुलिस प्रशासन शिकायत पर जांच कराता है। जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित पुलिस कर्मियों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाती है।

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