नई रिसर्च में सामने आया है कि जो लोग दूसरों के प्रति सहानुभूति रखते हैं उन्हें स्ट्रेस और एंग्जायटी कम होती है। उन्हें हार्ट से जुड़ी बीमारियां भी कम होती हैं। सिर्फ हेल्दी खाने और एक्सरसाइज से ही नहीं बल्कि दूसरों की मदद करने से भी दिल मजबूत होता है।
दशहरा हो या दिवाली, क्रिसमस हो या ईद ये मौका होता है खुशियां बांटने का, मुस्कुराने का, गले मिलने का और सबसे जरुरी किसी के लिए मददगार बनने का। दिलचस्प बात ये है जब आप किसी की मदद करते हैं तो ये आपके भी दिल और दिमाग दोनों के लिए दवा का काम करता है। ये बात साइंटिफिकली प्रूव्ड है जर्मनी की ‘मेंज यूनिवर्सिटी’ की स्टडी के मुताबिक जो लोग दूसरों के लिए दिल में दर्द और सहानुभूति रखते हैं उन्हें स्ट्रेस और एंग्जायटी कम होती है। जिंदगी से संतुष्टि ज्यादा होती है।
रिसर्च में यह भी सामने आया है कि जो लोग सिर्फ अपने बारे में सोचते हैं और दूसरों का उन्हें कोई ख्याल नहीं होता वो लोग अकेलापन के शिकार होते हैं। ऐसे लोगों में कॉर्टिसोल यानि स्ट्रेस हार्मोन हाई रहता है। दिल की बीमारियों का रिस्क बढ़ता है और इम्यूनिटी कमजोर होती है। हार्वर्ड की लंबी स्टडी भी कहती है जो लोग समाज से कटे रहते हैं उनमें डिप्रेशन और हार्ट डिजीज का खतरा 30-40% तक ज्यादा होता है। यानि जब आप किसी की पीड़ा समझते हैं किसी को सहारा देते हैं तो आप सिर्फ सामने वाले को नहीं खुद को भी हील कर रहे होते हैं और इसी खुशी की जड़ में है ‘Flexible Thinking’ यानि ‘लचीली सोच’।
जब हम हर बात पर अड़ जाते हैं हर इंसान को बदलना चाहते हैं तो रिश्तों में दूरी आती है और दिमाग पर बोझ बढ़ता है। जान लीजिये,आप किसी को बदल नहीं सकते। रिश्ते सकारात्मक सोच से सुधरते हैं। फैसले बेहतर होते हैं और जिंदगी थोड़ी आसान लगने लगती है।
लाइफस्टाइल बदलें
शरीर को स्वस्थ रखने के लिए लाइफस्टाइल को बदलना बहुत जरूरी है। इसके लिए वजन ना बढ़ने दें, स्मोकिंग छोड़ दें, समय पर सोएं और कम से कम 8 घंटे की नींद लें। नियमित रूप से अपना बीपी-शुगर चेक कराएं। रोजाना वर्कआउट करें और मेडिटेशन करें। रोज वर्कआउट जरूर करें। इससे शरीर को हाई एनर्जी मिलती है, दिमाग एक्टिव रहता है, नींद में सुधार आता है और बीपी तनाव भी कंट्रोल रहता है।
हार्ट को मजबूत कैसे बनाएं
- अर्जुन की छाल-1 चम्मच
- दालचीनी- 2 ग्राम
- तुलसी- 5 पत्ता
- उबालकर काढ़ा बनाएं
- रोज़ पीने से हार्ट हेल्दी
फेफड़े मजबूत बनाने के लिए क्या करें
- रोज प्राणायाम करें
- दूध में हल्दी-शिलाजीत लें
- त्रिकुटा पाउडर लें
- गर्म पानी पीएं
- तला खाने से बचें
किडनी को हेल्दी कैसे रखें
- वर्कआउट करें
- वजन कंट्रोल करें
- स्मोकिंग से बचें
- खूब पानी पीएं
- जंकफूड से बचें
- ज्यादा पेनकिलर ना लें
पेट को स्वस्थ कैसे रखें
- सुबह उठकर गुनगुना पानी पीएं
- 1-2 लीटर पानी एक बार में पीएं
- पानी में सेंधा नमक – नींबू मिला सकते हैं
- पानी पीने के बाद 5 मिनट स्ट्रेचिंग करें
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। सेहत से जुड़े किसी भी तरह का फिटनेस प्रोग्राम शुरू करने अथवा अपनी डाइट में किसी भी तरह का बदलाव करने या किसी भी बीमारी से संबंधित कोई भी उपाय करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें।







