सक्ती। पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर ने सार्वजनिक स्थान पर पुलिस की छवि धूमिल करने और कर्तव्य से अनुपस्थित रहने वाले एक आरक्षक निलंबित को कर दिया है।
रक्षित केंद्र में पदस्थ आरक्षक जगजीवन टोण्डे को 3 जून 2026 को मालखरौदा वारंट पेशी के लिए ड्यूटी पर भेजा गया था। कार्य के उपरांत आरक्षक रक्षित केंद्र वापस नहीं लौटा और 17 जून 2026 तक अनाधिकृत रूप से कर्तव्य से अनुपस्थित रहा। इसी बीच, आरक्षक जगजीवन टोण्डे का सक्ती स्थित बुधवारी बाजार में एक चबूतरे पर पुलिस की वर्दी में संदिग्ध अवस्था में सोते हुए का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इस घटना से पुलिस की छवि पर विपरीत प्रभाव पड़ा। आरक्षक का यह आचरण कर्तव्य के प्रति उदासीनता और अनुशासनहीनता का पाया गया।







