केरलम के पूक्कोट्टुम्पदम में रविवार शाम अचानक आई बाढ़ से हड़कंप मच गया। शाम करीब पांच बजे टीके कॉलोनी के कोट्टप्पुझा में फ्लैश फ्लड आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। शुरुआती जानकारी के मुताबिक पर्यटकों और एक स्थानीय महिला समेत करीब सात लोगों के बह जाने की आशंका है।
नदी किनारे बड़ी संख्या में मौजूद थे पर्यटक: ओलरवट्टोम नहर से टीके कॉलोनी तक नदी के किनारे कई जगह पर्यटक मौजूद थे। ये इलाके लोकप्रिय पर्यटन स्थल हैं। छुट्टी का दिन होने के कारण केट्टुंगल, आणाकुंडु, बालावडिप्पाडी और कोयिप्रा की तलहटी से लगे अन्य इलाकों में भी सैकड़ों लोग जुटे थे। अचानक पानी का स्तर बढ़ने से नदी के बीच फंसे करीब 27 लोगों को स्थानीय लोगों और मुहम्मद सुहैल ट्रीटमेंट एड कमेटी के सदस्यों ने सुरक्षित बाहर निकाला।
हालांकि, कई लोग अलग-अलग जगहों पर लंबे समय तक फंसे रहे और सुरक्षित स्थान तक नहीं पहुंच सके। चोक्कड़ के चार लोगों के आंगनवाड़ी के पास चट्टानों और पेड़ों पर फंसे होने की सूचना है। उन्हें बाहर निकालने के लिए बचाव अभियान चलाया जा रहा है।
पुलिस, फायर एंड रेस्क्यू सर्विसेज के जवान, स्वयंसेवक और स्थानीय लोग नदी में फंसे लोगों को निकालने के लिए लगातार अभियान चला रहे हैं। फ्लैश फ्लड में बह जाने की आशंका वाले लोगों की भी तलाश की जा रही है।
इडुक्की में मिट्टी धंसने से दो लोगों की मौत, एक घायल : इडुक्की जिले के कोट्टाकम्बूर में रविवार को मिट्टी धंसने के कारण एक झोपड़ी गिरने से दो लोगों की मौत हो गई और एक महिला घायल हो गई। दमकल एवं बचाव सेवा कर्मियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की पहचान वट्टावडा के पास कोट्टाकम्बूर निवासी बालकृष्णन और उनकी बहन चिन्नू के रूप में हुई है।
उन्होंने बताया कि बालकृष्णन की पत्नी मरियम्मा भी इस घटना में घायल हो गईं और उन्हें अस्पताल ले जाया गया। अधिकारियों के अनुसार, बालकृष्णन और उनका परिवार खेतों में काम करने के लिए गए थे, लेकिन तेज बारिश के कारण उन्हें खेत के पास बनी एक झोपड़ी में शरण लेनी पड़ी। उन्होंने बताया कि बारिश रुकने का इंतजार करते समय रविवार अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे भूस्खलन की चपेट में आने से ढांचा क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे तीनों लोग उसके नीचे दब गए। अधिकारियों ने बताया कि स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद झोपड़ी का मलबा हटाकर तीनों को बाहर निकाला।
सिक्किम के गंगटोक में भूस्खलन और मलबे से सड़कें प्रभावित : उधर, सिक्किम के गंगटोक में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण कई जगह भूस्खलन, मलबा आने और सड़कें बाधित होने की घटनाएं सामने आई हैं। इसके बाद गंगटोक जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) ने नुकसान का आकलन शुरू किया है। भारी बारिश से जुड़ी घटनाओं और भूस्खलन के बाद डीडीएमए की ओर से पूरे जिले में नुकसान का विस्तृत आकलन किया जा रहा है।







