नई दिल्ली/गोंडा बृजभूषण शरण सिंह को महिला पहलवानों की तरफ से लगाए गए यौन शोषण के आरोप से राहत मिल गई है। दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने बृजभूषण शरण सिंह को मामले में बरी कर दिया है। उनके साथ मामले में एक और आरोपी विनोद तोमर को भी बरी किया गया है। 20 जुलाई 2023 से नियमित जमानत पर चल रहे बृजभूषण पर 10 मई 2024 को आरोप तय किए गए थे।
पहले जानें- किस मामले में बरी हुए बृजभूषण शरण सिंह?
18 जनवरी 2023 : पहलवान विनेश फोगाट, बजरंग पूनिया समेत करीब 30 पहलवान भारतीय कुश्ती संघ के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरने पर बैठ गए। पहलवानों का आरोप था कि बृजभूषण शरण सिंह ने अपने पद का दुरुपयोग कर कई महिला खिलाड़ियों का यौन शोषण किया है। छह महिला पहलवानों ने उनके खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए। इन आरोपों में भारतीय कुश्ती महासंघ के कुछ कोचों की संलिप्तता की बात भी कही गई।
बृजभूषण शरण सिंह पहले किन मामलों में घिरे?
- बृजभूषण शरण सिंह उन 40 आरोपियों में से एक थे, जिन्हें 1992 में अयोध्या में विवादित ढांचा गिराने के लिए जिम्मेदार कहा गया था। हालांकि, लंबे समय तक कानूनी लड़ाई के बाद 30 सितंबर 2020 को कोर्ट ने उन्हें सभी आरोपों से बरी कर दिया।
- 1993 में बृजभूषण शरण सिंह पर दाऊद इब्राहिम के गुर्गों को संरक्षण देने का आरोप लगा। बाद में उन्हें टाडा के अंतर्गत तिहाड़ जेल में बंद किया गया। उन पर हत्या-डकैती समेत कई मुकदमे दर्ज हुए। हालांकि, अदालत से उन्हें मामले में राहत मिल गई।







