अचलगंज (उन्नाव)। बदरका क्षेत्र में दो साड़ों को लड़ता देख दहशत में बचने के लिए भागा 17 वर्षीय किशोर हड़बड़ाहट में सड़क पर गिर गया। पीछे से आ रहे डंपर ने किशोर को रौंद दिया। मौके पर उसकी मौत हो गई। पुलिस जब तक माजरा समझ पाती डंपर को लेकर चालक भाग निकला। भाजपा जिलाध्यक्ष ने पहले पोस्टमार्टम हाउस फिर घर पहुंचकर स्वजन को ढांढस बंधाया।
बदरका गांव निवासी अनुराग दीक्षित व उनकी पत्नी निशी अपने रिश्तेदार के घर शिकोहाबाद गये थे। घर पर बड़ा बेटा 17 वर्षीय दीपांशु 14 वर्षीय गोलू था। सोमवार रात 10ः30 बजे दीपांशु अपने छोटे भाई गोलू के साथ कुछ दूर पर रहने वाले बाबा मानू दीक्षित के घर से खाना खाने पहुंचा। खाना खाने के बाद दोनों भाई पैदल अपने घर जाने को निकले। बदरका चौकी के सामने सड़क पार करने के दौरान दो सांड़ों को लड़ता देख दोनों भाई बचने के लिए सड़क की ओर भागे।
हड़बहाहट में दीपांशु सड़क पर गिर गया। इसी दौरान कानपुर की ओर से आ रहे डंपर ने दीपांशु को रौंद दिया। मौके पर दीपांशु की मौत हो गई। भाई को मृत देख छोटा भाई गोलू कांप गया। शोर मचा उसने मदद की गुहार लगाई। चौकी पुलिस जब तक पहुंचती डंपर लेकर चालक भाग निकला। घटना की जानकारी पर मंगलवार सुबह घर पहुंचे माता-पिता दीपांशु का शव देख बेहाल हो गए।
बदरका चौकी प्रभारी अनिल त्रिपाठी ने बताया कि कैमरों की मदद से टक्कर मारने वाले वाहन की तलाश की जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद गमगीन माहौल में शुक्लागंज गंगाघाट में शव का अंतिम संस्कार किया गया। भाजपा जिलाध्यक्ष अनुराग अवस्थी पहले पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे फिर घर पहुंचकर परिजनों को ढांढस बंधा हर संभव मदद का भरोसा दिया।







