स्थानीय पुलिस को काफी देर बाद मिली जानकारी
कोरबा। छत्तीसगढ़ में कोयला लेवी से लेकर सीमेंट, रीयल इस्टेट, सराफा जैसे मामलों में भारी भरकम घपलेबाजी की खबरों के साथ जांच एजेंसियों की रेड जारी है। कोरबा जिले में ईओडब्ल्यू ने आज सुबह नगर पालिका कटघोरा अध्यक्ष राज जायसवाल और होमगार्ड कर्मी दीपक केंवट के ठिकाने पर रेड मारी। टीम को क्या कुछ हासिल हुआ, इसका खुलासा नहीं किया गया है। राज जायसवाल ने बताया कि वे रायपुर में हैं और कटघोरा लौटने के बाद ही कुछ कह सकेंगे।
लंबे समय से कांग्रेस की राजनीति से जुड़े राज जायसवाल बीते नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा को पराजित कर अध्यक्ष बने। ठेकेदारी के काम में सक्रिय राज जायसवाल को स्थानीय स्तर पर मजबूत पार्टी के रूप में पहचान मिली हुई है। पिछले वर्षों में विधायक प्रतिनिधि के तौर पर भूमिका निभाने वाले जायसवाल का नाम डीएमएफ के कार्यों में भी आया था। उस समय भी इसकी चर्चा हुई थी। हालिया रेड कार्रवाई के पीछे डीएमएफ का कनेक्शन है या किसी और का? यह साफ नहीं है।
ईओडब्ल्यू की टीम ने आज सुबह राज जायसवाल और होमगार्ड सैनिक केंवट के ठिकाने पर किन कारणों से रेड की और मौके से क्या कुछ मिला, इस बारे में कुछ भी साझा नहीं किया गया। लोकल मीडिया को यहां पर वीडियो बनाने से भी रोकने का प्रयास किया गया। टीम में कौन लोग शामिल हैं, यह प्राथमिक जानकारी भी देने से ईओडब्ल्यू बचते रहे। इन सबके बीच सबसे अधिक जिज्ञासा इसी बात को लेकर बनी हुई है कि आखिर रेड की खास वजह क्या रही और किस प्रकार के अहम् दस्तावेज टीम के हाथ लगे हैं। उधर राज जायसवाल ने बताया कि वे व्यक्तिगत कार्य से रायपुर में हैं और मीडिया के जरिए ही रेड की सूचना मिली है।







