यवतमाल। महाराष्ट्र के यवतमाल जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने सरकारी तंत्र की नींद उड़ा दी है। यवतमाल जिले की आर्णी तहसील के शेंदुरसानी ग्राम पंचायत में सिर्फ 1500 की आबादी के बावजूद तीन महीनों में सिविल रजिस्ट्रेशन सिस्टम में 27397 जन्म और 7 मृत्यु दर्ज होने का खुलासा हुआ है। जब जांच शुरू हुई तो परते उधड़नी शुरू हुईं। यह कोई प्राकृतिक चमत्कार नहीं, बल्कि महाराष्ट्र का अब तक का सबसे बड़ा साइबर फ्रॉड बनकर उभर रहा है।
यूपी-बंगाल से जुड़े हैं तार? : मामले की गंभीरता को देखते हुए भाजपा नेता किरीट सोमैया ने गांव का दौरा किया। उन्होंने दावा किया कि इन फर्जी पंजीकरणों में से 99% लोग उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल के हैं। आशंका जताई जा रही है कि सरकारी योजनाओं का अनुचित लाभ उठाने या घुसपैठियों को वैध दस्तावेज मुहैया कराने के लिए सिविल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (CRS) की लॉगिन आईडी को हैक या कंप्रोमाइज किया गया है। फिलहाल जिला परिषद की जांच समिति इस ‘बर्थ सर्टिफिकेट घोटाले’ के मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी है।







