जगदलपुर। बस्तर में बरसात के मौसम में जहां पर्यटकों का आवागमन बढ़ जाता है, वहीं दूसरी ओर वन्य प्राणियों को भी अधिकतर देखा जाता है। ऐसे में गुरुवार की सुबह राष्ट्रीय राजमार्ग-30 में तीरथगढ़ जाने वाले मार्ग में एक चीतल का शव देखा गया, जिसके बाद आसपास के लोगों ने वन विभाग को इस मामले की जानकारी दी। वहीं ग्रामीणों का कहना था कि मृत पाए गए चीतल के शरीर में तीर के निशान जैसा चिन्ह भी देखा गया है, जिससे कि यह अनुमान लगाया जा रहा है कि शायद शिकारी ने उस चीतल का शिकार किया है।
बता दें कि कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान के तीरथगढ़ मार्ग में गुरुवार की सुबह जब आम जन वाटरफॉल का नजारा देखने के लिए जा रहे थे तो बैरियर के पास एक चीतल का शव देखा गया, आसपास के लोगों ने इस दौरान चीतल के फोटो के साथ वीडियो भी बनाया। चीतल का शव मिलने की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण भी वहां आ पहुंचे, जहां मृत चीतल के शरीर को देखने के बाद वन विभाग को सूचना दी गई।
आसपास के ग्रामीणों के द्वारा ऐसा अनुमान लगाया जा रहा था कि शायद किसी तेज रफ्तार वाहन से टकराने की वजह से चीतल की मौत हुई है, लेकिन ध्यान से देखने में चीतल के शरीर में तीर लगने जैसा निशान भी लग रहा था, फिलहाल वन विभाग की टीम मौके पर पहुंचकर चीतल के शव को अपने साथ ले गई, जहां उसका अंतिम संस्कार किये जाने की बात कही गई है।







