Home » एशिया कप टीम पर पूर्व विदेशी खिलाड़ियों की टिप्पणी से भड़के गावस्कर, जमकर सुनाई खरी-खोटी
खेल

एशिया कप टीम पर पूर्व विदेशी खिलाड़ियों की टिप्पणी से भड़के गावस्कर, जमकर सुनाई खरी-खोटी

एशिया कप को शुरू होने में अब कुछ ही दिन का समय शेष रह गया है। भारत ने अगले महीने UAE में होने वाले इस बहु-राष्ट्रीय टूर्नामेंट के लिए 15 सदस्यीय टीम घोषित की है जिसकी कप्तानी सूर्यकुमार यादव करेंगे।

टीम में श्रेयस अय्यर और यशस्वी जायसवाल को शामिल नहीं करने पर काफी चर्चा हुई थी, लेकिन पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने इस बात से हैरानी जताई है कि एशिया कप टीम को लेकर भारत के अलावा पूर्व विदेशी खिलाड़ी क्यों टिप्पणी कर रहे हैं जिनके बयान आग में घी डालने का काम कर रहे हैं।

गावस्कर ने कहा कि अगर भारतीय मीडिया, सोशल मीडिया और क्रिकेट पंडितों के बीच एशिया कप टीम को लेकर कोई बहस नहीं होती, तो उन्हें हैरानी होती। लेकिन यह बात कि विदेश के पूर्व क्रिकेटर भी इस बहस में पड़ रहे हैं, उन्हें स्वीकार्य नहीं है। गावस्कर ने एक कॉलम में लिखा, हैरान करने वाली बात यह है कि जिन विदेशियों का भारतीय क्रिकेट में कोई योगदान नहीं है और जिन्हें इसके बारे में बहुत कम जानकारी है, वे इस बहस में कूद पड़े हैं और आग में घी डालने का काम कर रहे हैं।

वे खिलाड़ी के रूप में चाहे कितने भी महान क्यों न हों और भारत में कितनी भी बार क्यों न आए हों, भारतीय टीम का चयन उनका बिल्कुल भी काम नहीं है। उन्हें अपने देश के क्रिकेट पर ध्यान देना चाहिए और हम भारतीयों को अपने क्रिकेट की चिंता करने देना चाहिए। हैरानी की बात यह है कि जब उनके देश की टीमों का चयन होता है तो चयन के बारे में उनसे शायद ही कुछ सुना जाता है।

गावस्कर ने लिखा, ऐसा लग रहा है जैसे चयन एकदम सही है और उन्हें कोई टिप्पणी करने की जरूरत ही नहीं है। तो फिर भारतीय टीम के चयन में दखलंदाज़ी क्यों? क्या आपने कभी पूर्व भारतीय क्रिकेटरों को दूसरे देशों की टीमों के चयन के बारे में बात करते सुना है? नहीं, हम अपने काम से मतलब रखते हैं और हमें इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि वे किसे चुनते हैं और किसे नहीं।

गावस्कर बोले- भारतीय दर्शकों की प्रतिक्रियाओं से मिलती है मदद
गावस्कर का मानना है कि सोशल मीडिया पर भारतीय दर्शकों की प्रतिक्रियाओं से इन विदेशी क्रिकेट हस्तियों को सोशल मीडिया पर अधिक फॉलोअर्स और व्यूज मिलने में मदद मिलती है, जिससे उन्हें अपनी आजीविका चलाने में मदद मिलती है। गावस्कर ने कहा, सोशल मीडिया के जमाने में जहां व्यूज और फॉलोअर्स पाना ही मुख्य विषय है, संख्या बढ़ाने का सबसे तेज तरीका भारतीय मामलों पर टिप्पणी करना है।
ज्यादातर वे इसे नकारात्मक रूप से करते हैं, इसलिए भारतीय यूजर्स की प्रतिक्रिया काफी होती है, जिससे उनके फॉलोअर्स की संख्या बढ़ जाती है। अगर आपकी चमड़ी मोटी है, तो और भी अच्छा है। यही कारण है कि कई विदेशी क्रिकेटरों ने भारतीय क्रिकेट और क्रिकेटरों के बारे में अपनी ज्यादातर नकारात्मक टिप्पणियों से भारतीय क्रिकेट प्रेमियों को परेशान करके अपनी आजीविका चलाई है।

Search

Archives