देहरादून में देर रात बादल फटने से भारी तबाही मची है। कुछ मजदूरों के बहने की सूचना है। मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से देहरादून सहित चमोली, चंपावत, ऊधमसिंह नगर, बागेश्वर और नैनीताल जिले के कुछ इलाकों में तेज दौर की बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। अन्य जिलों में भी भारी बारिश होने की संभावना है। 21 सितंबर तक प्रदेशभर में तेज दौर की बारिश होने के आसार हैं।
उत्तराखंड में मौसम का कहर जारी है। देहरादून में सहस्त्रधारा कार्लीगाड क्षेत्र में सोमवार देर रात बादल फटने से काफी नुकसान हो गया। कई दुकानें पानी की तेज धारा में बह गईं। करीब 100 लोगों को रेस्क्यू कर बचाया गया है। दो गायब लोगों की तलाश की जा रही है। बादल फटने के बाद देहरादून के सभी स्कूल मंगलवार के लिए बंद कर दिए गए हैं।
मालदेवता में पुल की एप्रोच रोड टूट गई है। उफनाई नदियों ने लोगों को दहशत में डाल दिया है। ऋषिकेश में चंद्रभागा नदी उफान पर है। एसडीआरएफ ने नदी में फंसे तीन लोगों को रेस्क्यू किया है। वहीं, देहरादून-हरिद्वार राष्ट्रीय मार्ग पर फन वैली और उत्तराखंड डेंटल कॉलेज के नजदीक स्थित पुल क्षतिग्रस्त हो गया है।एनडीआरएफ के साथ एसडीआरएफ की टीमें रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हैं। जिला प्रशासन अलर्ट मोड में है।
तीन बड़े होटल और कई दुकानें क्षतिग्रस्त – बताया जा रहा है कि सहस्त्रधारा के मुख्य बाजार में मलबा आने की वजह से तीन बड़े होटल और कई दुकानें क्षतिग्रस्त हो गई हैं। यह घटना सोमवार देर रात साढ़े 11 बजे की है। कार्डीगढ़ में बादल फटने के बाद मुख्य बाजारा में बड़े पैमाने पर मलबा आ गया। करीब 100 लोग बाजार में फंस गए थे जिन्हें गांव वालों ने सकुशल बचा लिया है।
आईटी पार्क के पास भी आया मलबा- दूसरी ओर, आईटी पार्क के पास भी बड़ी मात्रा में मलबा आ गया। इससे सान्ग नदी का जलस्तर बढ़ गया। पुलिस ने आसपास रहने वालों को सतर्क कर दिया है। पुलिस ने बताया कि देर रात 12 बजे आईटी पार्क के पास मलबा आने पर बचाव अभियान चलाया गया। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है।







