कोरबा। नकटीखार गांव में सांप के काटने से मुर्गी की मौत हो गई है। दरअसल नन्हे चूजों की सांप से रक्षा के लिए मुर्गी ने अपनी जान की परवाह किए बगैर नाग सांप से लोहा ले लिया और इस युद्ध में सांप के काटने से मुर्गी की जान चली गई। । मुर्गी ने अपनी जान देकर अपने नन्हें चूजों की रक्षा की।
घटना एक जुलाई की रात करीब 10:25 बजे की है, जब एक जहरीला नाग घर में घुस आया, जहां मुर्गी अपने चूजों के साथ थी। मुर्गी ने चूजों की सांप से रक्षा के लिए नाग से भिड़ गई। अपनी जान की परवाह किए बिना चूजों को बचाया। मुर्गी ने नाग के हमले का सामना किया और अपने चूजों को बचाने के लिए अपनी जान दे दी।
सूचना पर RCRS टीम ने मौके पर पहुंचकर विषैले कोबरा का सफल रेस्क्यू किया। टीम के अध्यक्ष अविनाश यादव और सदस्य सागर व अजय ने बिना समय गंवाए सांप को पकड़ लिया । मकान मालिक द्वारिका एक्का ने बताया कि रात में लाइट गुल थी। इस वजह से खाना लेट में खाए और सोने की तैयारी में थे । अचानक मुर्गियों की आवाज आने लगी। अनहोनी की आशंका से जाकर देखा तो आखें फटी रह गई। रूम से लगे कमरे में एक मुर्गी और सांप लड़ रहे थे, जहाँ मुर्गी की सांप के डसने से मौत हो गई । सूचना स्नैक कैचर अविनाश यादव को दी गई। टीम बिना देर किए मौके पर पहुंची और सांप का सफल रेस्क्यू किया।
स्नेक कैचर अविनाश यादव ने बताया कि इस तरह की घटना बहुत कम देखने को मिलती है, जहां एक मां अपने बच्चों को बचाने के लिए सांप से लड़ती है। अक्सर इस तरह के मौसम में सांप निकालने की घटना लगातार सामने आ रही है जिसे देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। सांप देखे जाने पर इसकी सूचना तत्काल स्नैक कैचर टीम को देना चाहिए ताकि समय रहते सांप के साथ ही लोगों की जान भी बची रहे।







