Indian Prmeier League 2025: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 का आगाज होने में अब 48 घंटे से भी कम का समय बचा है। इससे पहले भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने नियम में एक बड़ा बदलाव किया है। जिससे तेज गेंदबाजों को जमकर फायदा होने वाला है। दरअसल बोर्ड ने आईपीएल (IPL) में ज्यादातर कप्तानों की सहमति के बाद गेंद पर लार के इस्तेमाल से प्रतिबंध हटा दिया है।
इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने कोरोना महामारी के दौरान इस पर बैन लगा दिया था। जिसके बाद तेज गेंदबाजों को रिवर्स स्विंग कराने में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा था। आज बीसीसीआई ने मुंबई में कप्तानों की बैठक आयोजित की थी। जिसके बाद इस नियम को एक बार फिर हरी झंडी दे दी गई है। बीसीसीआई के एक शीर्ष अधिकारी ने पीटीआई को बताया, “लार पर प्रतिबंध हटा दिया गया है। अधिकांश कप्तान इस कदम के पक्ष में थे।”
इसके अलावा ओस से निपटने के लिए भी बीसीसीआई (BCCI) ने नियम में बड़ा बदलाव किया है। इस बार आईपीएल में दो गेंद का इस्तेमाल होगा। मैच की दूसरी पारी में एक और गेंद का इस्तेमाल होगा। दूसरी पारी में गेंद बदलने का नियम 11वें ओवर के बाद लागू होगा। इसका मकसद ओस के असर को कम करना है। अक्सर देखा जाता है कि ओस की वजह से बाद में बल्लेबाजी करने वाली टीम को फायदा होता है। नया नियम यह सुनिश्चित करेगा कि टॉस जीतने वाली टीम को ओस का अनुचित लाभ न मिले। इससे मैच में बराबरी बनी रहेगी।
आईसीसी चैम्पियंस ट्रॉफी के दौरान भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने गेंद पर लार के इस्तेमाल से प्रतिबंध हटाने की मांग की थी। लार के इस्तेमाल से गेंद को एक तरफ से अच्छी शाइन मिलती है। लार का उपयोग गेंद को एक तरफ से चमकाने में मदद करता था, जिससे गेंद असंतुलित होकर हवा में तेजी से स्विंग कर पाती थी, खासकर पुराने गेंद से रिवर्स स्विंग कराने में मदद मिलती थी। लेकिन अब लार पर प्रतिबंध के कारण गेंदबाजों को काफी कठिनाई हो रही है, खासकर टेस्ट क्रिकेट में, जहां रिवर्स स्विंग एक बड़ा हथियार होता था।







