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विराट के टेस्ट से संन्यास पर पूर्व कोच रवि शास्त्री का बड़ा बयान : कहा- लगातार आलोचना से मानसिक रूप से थक चुके थे कोहली

विराट कोहली के टेस्ट से संन्यास ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। इस बल्लेबाज ने 12 मई को इंस्टाग्राम के जरिये संन्यास की घोषणा की। हालांकि, भारतीय टीम के पूर्व कोच रवि शास्त्री को लगता है कि इस स्टार बल्लेबाज में लंबे प्रारूप में खेलने के लिए दो-तीन साल और बचे थे। शास्त्री ने कहा कि वह विराट कोहली के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के फैसले से हैरान थे। उनका कहना है कि लगातार आलोचना से कोहली मानसिक रूप से थक चुके थे।

कोहली ने 123 टेस्ट मैचों में भारत का प्रतिनिधित्व किया, जिसमें 46.85 की औसत से 9,230 रन बनाए और इसमें 30 शतक और 31 अर्धशतक शामिल हैं। शास्त्री ने खुलासा किया कि कोहली द्वारा संन्यास का फैसला सार्वजनिक करने से कुछ समय पहले उन्होंने उनसे बात की थी।

कोहली की हुई थी रवि शास्त्री से बात- शास्त्री ने आईसीसी रिव्यू के एक एपिसोड में कहा, ‘मैंने उनसे इस बारे में बात की थी। मुझे लगता है कि उनके संन्यास की घोषणा से एक सप्ताह पहले उनका दिमाग बहुत स्पष्ट था। उन्हें कोई पछतावा नहीं है। विराट ने मुझे चौंका दिया क्योंकि मुझे लगा कि उनमें टेस्ट क्रिकेट के लिए कम से कम दो-तीन साल बाकी हैं, लेकिन फिर जब आप मानसिक रूप से थके हुए होते हैं तो यही आपके शरीर को बताता है। आप शारीरिक रूप से इस क्षेत्र में सबसे फिट व्यक्ति हो सकते हैं।’

शास्त्री ने कहा, ‘आप अपनी टीम के आधे से अधिक खिलाड़ियों से अधिक फिट हो सकते हैं, लेकिन मानसिक रूप से आप थके हैं तो यह शरीर को एक संदेश भेजता है। आप जानते ही हैं।’ अपनी बातचीत के बारे में बताते हुए शास्त्री ने कहा कि कोहली का आकर्षक व्यक्तित्व और लगातार सुर्खियों में रहने के कारण वह बर्नआउट (थकान) हो गए।

कोहली ने मैदान पर अपना शत प्रतिशत दिया’- शास्त्री ने कहा, ‘अगर उन्होंने कुछ करने का फैसला किया तो उन्होंने अपना शत प्रतिशत दिया जिसकी बराबरी करना आसान नहीं है।’ शास्त्री ने कोहली के साथ भारतीय टेस्ट क्रिकेट इतिहास में सबसे सफल कोच-कप्तान की जोड़ी बनाई।

उन्होंने कहा, ‘एक खिलाड़ी अपना काम करता है, फिर आप आराम से बैठ जाते हैं। लेकिन कोहली के साथ ऐसा है कि जब टीम आउट हो जाती है तो ऐसा लगता है जैसे उन्हें सभी विकेट लेने हैं, उन्हें सभी कैच लेने हैं, उन्हें मैदान पर सभी फैसले लेने हैं। इतनी अधिक भागीदारी, मुझे लगता कि अगर वह आराम नहीं करता है तो कहीं वह बर्नआउट होने वाले हैं।’

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