नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ जंग के लिए चार खास मकसद तय किए हैं। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका इजराइल का साझा हमला एक पुराने दुश्मन पर हमला करने का “आखिरी, सबसे अच्छा मौका” है। ट्रंप ने कहा कि हमारे चार मकसद हैं और वो एकदम साफ हैं।
उन्होंने कहा, पहला- हम ईरान की मिसाइल कैपेबिलिटी को खत्म कर रहे हैं। दूसरा- हम उनकी नेवी को खत्म कर रहे हैं। तीसरा- हम यह पक्का कर रहे हैं कि दुनिया का नंबर-एक आतंक का स्पॉन्सर कभी भी न्यूक्लियर वेपन हासिल न कर सके और आखिरी- हम यह पक्का कर रहे हैं कि ईरानी सरकार अपनी सीमाओं के बाहर आतंकवादी सेनाओं को हथियार, फंड और गाइड करना जारी न रख सके।”
ईरान के परमाणु मिशन को विफल करने का आदेश
ट्रंप ने कहा कि ईरान के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रमों को विफल करने के लिए उस पर हमले का आदेश दिया था और जरूरत पड़ने तक युद्ध जारी रखेंगे। सत्ता हस्तांतरण की अपनी योजनाओं के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि ईरान के विशिष्ट सैन्य बल, जिनमें रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के अधिकारी भी शामिल हैं, ईरानी जनता को अपने हथियार सौंप देंगे।







