जगदलपुर। मेडिकल कॉलेज डिमरापाल में पदस्थ नियमित स्टाफ नर्सो ने मंगलवार को अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर कॉलेज के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। जहां अपनी मांगों के पूरा नहीं होने पर सड़क की लड़ाई लड़ने की बात कहते हुए एमपी की तर्ज पर समान वेतन दिया जाए।
यहां कई वर्षों से नियमित स्टाफ नर्स के रूप में पदस्थ ने मंगलवार को डीन कार्यालय के बाहर अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर हड़ताल पर आ गए। जहां स्टाफ नर्स जयंती पाटकर ने बताया कि यहां पर स्टाफ की काफी कमी है, मेकाज में नियमित स्टाफ नर्स के कई पद खाली होने के बाद भी यहां पर भर्ती नही किया जा रहा है। जिसकी वजह से 650 बिस्तरों वाले इस हॉस्पिटल में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
पहले एक वार्ड में 30 मरीजों को रखा जाता था, जबकि उन वार्डो में भर्ती मरीजों की संख्या 30 से बढ़ाकर 40 से ऊपर कर दिया गया है। वहीं एक अकेले स्टाफ नर्स को इन सभी मरीजों को देखना पड़ रहा है। इसके अलावा यहां पर बहुत सारी स्टाफ नर्स संविदा व दैनिक वेतन भोगी के रूप में कई वर्षों से काम कर रहे है। ऐसे में इन स्टाफ को ही नियमित करते हुए और स्टाफ की भर्ती की जाए। रात के समय एक अकेले स्टाफ नर्स पर काम का बोझ काफी बढ़ जाता है।
वहीं अन्य स्टाफ ने बताया कि 10 सूत्रीय मांगों में स्टाफ नर्स का ग्रेड पे 4800, नर्सिंग सिस्टर का 5400, सहायक नर्सिंग अधीक्षक का 6600, उप नर्सिंग अधीक्षक का 7600, नर्सिंग अधीक्षक का 8600 किया जाए। शासन द्वारा 2018 में गठित कमेटी की अनुशंसा कर संशोधन किया जाए। मेकाज में खाली पड़े पदों में जल्द से जल्द भर्ती किया जाए, जो लंबे समय से काम कर रहे है। उन्हें ही नियमित किया जाए।
मध्यप्रदेश की तरह यहां पर भी समान वेतन, समान सम्यवान दिया जाए। सबसे बड़ी समस्या है कि यहां पर बाहर से आने वाले ग्रामीणों को शौचालय की काफी कमी देखने को मिलती है। कैम्पस के अंदर खाली जमीन का उपयोग करते हुए ग्रामीणों के लिए सुलभ शौचालय की व्यवस्था कि जाए।
वहीं यहां कार्यरत कई स्टाफ नर्स के छोटे-छोटे बच्चों को लाना पड़ता है। उनके लिए यहां एक झूला घर खोला जाए। केवल वादे पर वादे किए जा रहे हैं। लेकिन अब तक किसी तरह का कोई भी निर्णय नहीं लिया गया है। देखा जाए तो यहां करीब 100 के ऊपर नियमित स्टाफ नहीं है। ऐसे में जल्द से जल्द भर्ती की जाए। नहीं तो आने वाले समय में उग्र प्रदर्शन किया जाएगा। जिसकी जवाबदारी छत्तीसगढ़ सरकार की होगी।







